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Wednesday, 14 September 2011

"हिन्दी दिवस के साथ कार की भी वर्षगाँठ" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")

आज हिन्दी दिवस के साथ
मेरी कार की भी प्रथम वर्षगाँठ है!
प्रत्येक वर्ष 14 सितम्बर को भारत के लोग हिन्दी दिवस मनाते हैं और हिन्दी के प्रति अपनी श्रद्धा को प्रकट कर देते हैं। उसके बाद पूरे साल वही गिटर-पिटर का टर-टर स्वर आलापते रहते हैं।
आज से 62 वर्ष पूर्व जब महात्मा गांधी जीवित थे 14 सितम्बर, 1949 को भारत की संविधान सभा ने एक मत से निर्णय लिया था कि हिन्दी भारत की राजभाषा कहलाएगी।
इस निर्णय पर राष्ट्रभाषा प्रचार समिति, वर्धा के अनुरोध पर 1953 से पूरे भारत में 14 सितम्बर को प्रतिवर्ष हिन्दी दिवस मनाया जाने लगा।
मेरी कार की प्रथम वर्षगाँठ


मित्रों! मैंने सन् 2010 में आज के ही दिन मारूति कम्पनी की ज़ेन स्टिलो कार भी खरीदी थी! देखते-देखते एक साल इतनी जल्दी व्यतीत हो गया और मेरी इस प्यारी सी कार की आयु भी एक वर्ष हो गई!
सिर्फ इतना ही नहीं मैंने इसमें स्वयं और परिवार के साथ 4,500 किमी की सुखद यात्रा भी की।


मेरी 6 वर्षीया पोती प्राची को तो यह बहुत पसन्द है। वह स्कूल से आकर इसमें एक बार तो रोज ही बैठ जाती है। कार में बैठकर जब हम लोग इसको साथ ले जाते हैं तो इसका सबसे पहला काम ए-सी चलाना होता है।

8 comments:

Smart Indian - स्मार्ट इंडियन said...

फिर तो दोहरी बधाई!

vidhya said...

Hindi vah basah hai jo pahala sethan hai
rasty basa hindhi hai
uska aalag hi mahatv hai
may to hindhi se bahut prey karthi hu
es liye chennai may rah kar bhi may hindhi mare matr bahsa ban gaye hai
subh kamana


aap ki car ko bhi
pahali janam dein par aap ko kahe seye kara ke laye
aap bhi kush car bhi kush

Dilbag Virk said...

कार और हिंदी दिवस की बधाई

सुरेन्द्र "मुल्हिद" said...

badhiya hai....car aapki jiye hazaaro saal....

डॉ टी एस दराल said...

वाह वाह शास्त्री जी , डबल बधाई ।

देवेन्द्र पाण्डेय said...

एक साल बाद भी इतनी प्यारी...!

Vaanbhatt said...

बहुत-बहुत बधाइयाँ...

संजय भास्कर said...

वाह शास्त्री जी....बधाई !